
सूरजपुर : जिले में अवैध उत्खनन, परिवहन और भंडारण करने वाले माफियाओं के खिलाफ खनिज विभाग ने अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। कलेक्टर रेना जमील के निर्देश पर खनिज अमले और जिला स्तरीय टास्कफोर्स ने प्रभावित क्षेत्रों में निरंतर निगरानी बढ़ा दी है। इसी कड़ी में पिछले दो दिनों के भीतर जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 5 टन अवैध कोयला और रेत परिवहन में लगे 5 टिपरों को जब्त किया है।
बाइकों से हो रहा था कोयले का अवैध खेल
प्राप्त जानकारी के अनुसार, 7 जून 2026 को खनिज विभाग की टीम ने सूरजपुर तहसील क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पचिरा से मानी चौक मार्ग पर वाहनों की औचक जांच शुरू की। इस दौरान ग्राम बेलटिकरी के पास तस्करों द्वारा अनोखे तरीके से कोयले की तस्करी का मामला सामने आया।
तस्करों द्वारा 6 बाइकों (मोटरसाइकिलों) पर लादकर अवैध रूप से ले जाया जा रहा लगभग 5 टन कोयला मौके पर पकड़ा गया। खनिज अमले ने तत्काल कार्रवाई करते हुए छहों बाइकों और कोयले को जब्त कर लिया। सुरक्षा के लिहाज से जब्त किए गए इन सभी वाहनों और कोयले को सूरजपुर पुलिस थाने की सुपुर्दगी में रखवाया गया है।
रेत के अवैध परिवहन पर भी कसा शिकंजा
कोयले के साथ-साथ जिले में रेत के अवैध कारोबार पर भी विभाग ने कड़ा रुख अपनाया है। 7 जून को ही ग्राम राजापुर, हर्राटिकरा और उसके आसपास के क्षेत्रों में दबिश दी गई। यहाँ खनिज रेत के अवैध परिवहन में संलिप्त 3 टिपरों को चिन्हित किया गया। प्रशासन ने इन वाहनों के मालिकों के खिलाफ अवैध परिवहन का मामला दर्ज कर नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
दूसरे दिन भी जारी रही छापेमारी, 2 और टिपर जब्त
खनिज विभाग की यह मुहिम यहीं नहीं रुकी। अगले ही दिन, यानी 8 जून 2026 को टीम ने राजापुर रेत खदान क्षेत्र का औचक निरीक्षण किया। इस औचक छापेमारी से रेत माफियाओं में हड़कंप मच गया। मौके से अवैध रेत परिवहन करते हुए 2 और टिपर वाहनों को रंगे हाथों पकड़ा गया।
इन वाहनों के स्वामियों के विरुद्ध खनिज नियमों के तहत कड़े प्रावधानों में मामला दर्ज किया गया है। साथ ही, जब्त की गई रेत और दोनों टिपरों को सुरक्षा के दृष्टिकोण से जयनगर पुलिस थाने में खड़ा कराया गया है।