October 12, 2026
IMG20260623090248.jpg

सूरजपुर : जिले के ग्राम बतरा स्थित डैम में बीती रात हुए दर्दनाक हादसे के बाद स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है। डैम में डूबे तीन ग्रामीणों के शवों को निकालने की प्रक्रिया प्रशासन द्वारा अब तक शुरू नहीं की जा सकी है, जबकि घटनास्थल पर भारी पुलिस बल और बचाव दल मौजूद है। इस देरी को लेकर मृतकों के परिजनों और ग्रामीणों में भारी रोष और आक्रोश देखा जा रहा है।
देर रात नाव पलटने से हुआ था हादसा
गौरतलब है कि बतरा डैम में मछली पकड़ने का ठेका (लीज़) एक्सपायर होने के बावजूद, बीती रात कुल 9 लोग चोरी-छिपे नाव लेकर गहरे पानी में उतरे थे। रात लगभग 9:00 बजे से 2:00 बजे के बीच हुए इस हादसे में नाव पलटने से तीन लोगों की पानी में डूबने से मौत हो गई। मृतकों में शामिल हैं:
समय लाल पैकरा
जगलाल पैकरा
एक अज्ञात व्यक्ति
नाव पर सवार बाकी 6 लोग सुरक्षित हैं और सुबह से ही मौके पर मौजूद हैं, जिनसे पुलिस लगातार पूछताछ कर रही है।
टीम मौजूद, पर शवों को खोजने की प्रक्रिया अभी तक शुरू नहीं
सुबह ग्रामीणों द्वारा सूचना दिए जाने के बाद करंजी चौकी का पुलिस स्टाफ और DDRF (डिस्ट्रिक्ट डिजास्टर रिस्पांस फोर्स) की टीम बतरा डैम पहुँच चुकी है। लेकिन हैरान करने वाली बात यह है कि टीम के मौके पर मौजूद होने के बावजूद, अज्ञात कारणों से शवों को पानी से बाहर निकालने और खोजने की रेस्क्यू प्रक्रिया अब तक शुरू नहीं हो पाई है।
समय बीतने के साथ ही डैम के किनारे जुटे ग्रामीणों और पीड़ित परिवारों का सब्र टूट रहा है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और वे जल्द से जल्द शवों को बाहर निकालने की मांग कर रहे हैं।
जांच के घेरे में कई बड़े सवाल
एक तरफ जहाँ रेस्क्यू शुरू होने का इंतजार है, वहीं पुलिस इस मामले के कानूनी पहलुओं की भी जांच कर रही है:
आखिर ठेका खत्म होने के बाद यह किस समिति का काम था, जिसने इन लोगों को डैम में भेजा?
आधी रात को इन ग्रामीणों को मछली पकड़ने के लिए उकसाने और नाव उपलब्ध कराने वाला मुख्य सूत्रधार कौन है?
करंजी चौकी पुलिस मौके पर कानून व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ सुरक्षित बचे 6 साथियों से बयान दर्ज कर रही है। ग्रामीणों की मांग है कि रेस्क्यू टीम बिना किसी देरी के तुरंत पानी में उतरे और शवों को बरामद करे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related News